राग बसंत मुखरी
| Time | 6 AM to 8 AM |
|---|---|
| राग बसंत मुखरी | राग बसंत मुखरी, कार्नाटिक राग वकुळाभरणम् से जन्मा, एक प्रभातकालीन राग है। इस राग के हिंदुस्तानी शास्त्रीय परंपरा में पारगमन में आचार्य रतंजन करने बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उसके हिंदुस्तानी रूप में, राग बसंत मुखरी के लिए कोई स्वीकृत नियम नहीं है, क्योंकि यह पूर्वांग में भैरव और उत्तरांग में भैरवी की खुश्बू लिये है। |
| थाट | मेलकर्ता : वकुळाभरणम् |
| जाति | संपूर्ण - संपूर्ण |
| वादी | प |
| संवादी | सा |
| आरोह | सा रे॒ ग म प ध॒ नि॒ सां |
| अवरोह | सां नि॒ ध॒ प म ग रे॒ सा |
| पकड | --------------------------- |
Filmi Song
1 O' basanti pavan pagal.
2 Chlo sajana janha tak ghta dhle
3 vada kar le sajana.
1 O' basanti pavan pagal.
2 Chlo sajana janha tak ghta dhle
3 vada kar le sajana.